: शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान यूएई के नए राष्ट्रपति बने
Sat, May 14, 2022
दुबई (एजेंसी)
यूएई की फेडरल सुप्रीम काउंसिल ने अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान को नया राष्ट्रपति चुना। राष्ट्रपति शेख खलीफा बिन जायद के शुक्रवार को निधन से यह पद रिक्त हुआ था।New President of UAE : शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान यूएई के नए राष्ट्रपति चुने गए, शेख खलीफा के निधन से पद रिक्त हुआ था।
यूएई की फेडरल सुप्रीम काउंसिल ने अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान को नया राष्ट्रपति चुना। राष्ट्रपति शेख खलीफा बिन जायद के शुक्रवार को निधन
ख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के नए राष्ट्रपति होंगे। खलीज टाइम्स की रिपोर्ट के अनुसार 61 वर्षीय नेता देश के तीसरे राष्ट्रपति चुने गए हैं।
राष्ट्रपति शेख खलीफा बिन जायद के शुक्रवार को निधन से यह पद रिक्त हुआ था। अमीरात समाचार एजेंसी ने शनिवार को बताया कि यूएई की फेडरल सुप्रीम काउंसिल ने अबू धाबी के क्राउन प्रिंस शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान को नया राष्ट्रपति चुना है। परिषद की शनिवार को दुबई के शासक शेख मोहम्मद की अध्यक्षता में अबू धाबी के अल-मुशरिफ पैलेस में एक बैठक हुई। उसमें नया राष्ट्रपति चुना गया। दुबई के शासक और यूएई के प्रधानमंत्री शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम ने शेख मोहम्मद बिन जायद अल नाहयान को बधाई दी है।
: राष्ट्र का सम्मान व उत्थान ही भाजपा कार्यकर्ता का मुख्य ध्येय - बरुआ
Mon, May 2, 2022
भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य डॉ रमेश दुबे के निवास पर पहुंचे मध्य प्रदेश पाठ्य पुस्तक निगम के अध्यक्ष शैलेंद्र बरुआ
गणेश भारद्वाज - भिण्ड
राष्ट्रभक्ति राष्ट्रप्रेम और राष्ट्र का सम्मान ही भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ता का मुख्य ध्येय है। भाजपा की सरकार पंडित दीनदयाल उपाध्याय के सपनों को साकार करने में जुटी है। यह बात मध्य प्रदेश पाठ्य पुस्तक निगम के अध्यक्ष शैलेंद्र बरुआ ने आज डॉ रमेश दुबे के निज निवास मातृछाया पर कार्यकर्ताओं से चर्चा करते हुए कही। इससे पहले कैबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त मध्यप्रदेश पाठ्य पुस्तक निगम अध्यक्ष शैलेन्द्र बरुआ का आज दुबे फॉर्म हाउस भरौली रोड पर आत्मीय स्वागत किया गया।श्री बरुआ भाजपा प्रदेश कार्यसमिति सदस्य डॉ रमेश दुबे के निवास सौजन्य भेंट हेतु पहुँचे थे।।इस अवसर पर डॉ रमेश दुबे ने श्री बरुआ के साथ प्रदेश की शिवराज सरकार की शिक्षा नीति ,भाजपा संगठन के त्रिदेव प्रशिक्षण वर्ग एवं संगठन सम्बन्धी महत्वपूर्ण विषयों पर विचार विमर्श किया। इस अवसर पर डॉ रमेश दुबे ने अध्यक्ष श्री बरुआ का अपने निवास पर शॉल एवं श्री फल भेँट कर सम्मानित करते हुए धन्यवाद एवं आभार व्यक्त किया।इस दौरान भाजपा जिला मंत्री शिवप्रताप सिंह कुशवाह,श्अनुराग मिश्रा, अमित दुबे, संतोष ,वनखण्डेश्वर मंडल अध्यक्ष श्मित जैन , राजीव पराशर, उपेंद्र राजोरिया विकास शर्मा, श्री रवि बाजपेई, लटूरी प्रसाद शर्मा, शैलू रितोरिया, सुशील बरुआ प्रमुख रूप से उपस्थित रहे।।
: कमलनाथ ने दिया इस्तीफा, डॉ गोविंद सिंह बने नेता प्रतिपक्ष
Thu, Apr 28, 2022
भोपाल मे गोविंद सिंह ने दी प्रथम प्रतिक्रिया बोले कमलनाथ जी ने किया है कार्य विभाजन,, विपक्ष की आवाज बुलंद करता था अब भी करूंगा
गणेश भारद्वाज - भिण्ड
प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के द्वारा नेता प्रतिपक्ष के पद से इस्तीफा दिए जाने के बाद उनका इस्तीफा कांग्रेस हाईकमान के द्वारा मंजूर कर लिया गया है और उसके बाद में अंचल के प्रमुख कांग्रेस नेता डॉक्टर गोविंद सिंह को नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी सौंपी गई है। इस जिम्मेदारी के मिलने के बाद लहार से लेकर संपूर्ण भिंड जिले और चंबल ग्वालियर अंचल में खुशी की लहर दौड़ गई है। कांग्रेस के कार्यकर्ता और जो डॉ गोविंद सिंह के समर्थक चारों तरफ मिठाई बांट रहे हैं और खुशियां मना रहे हैं। हालांकि डॉ गोविंद सिंह ने भोपाल में दिए बयान में कहा है कि कोई सुर्खाब के पंख नहीं लग गए हैं यह जिम्मेदारी विपक्ष कि मैं पहले भी निभाता था और अब भी निभाता रहूंगा। कमलनाथ जी ने यह कार्य विभाजन किया है जिसमें मुझे नेता प्रतिपक्ष की जिम्मेदारी सौंपी है।
गोविंद सिंह का जन्म 1 जुलाई 1951 को लहार के एक छोटे से गांव वैसपूरा में हुआ। 1995 से लेकर अब तक कोई चुनाव नहीं हारा। लगातार 7 बार विधायक बने। लहार के अजेय विधायक है। पहला चुनाव जनतादल से और फिर सब चुनाव कांग्रेस के टिकट पर जीते। प्रदेश में दिगविजय सरकारों व दिसंबर 2018 और मार्च 2020 के बीच मुख्यमंत्री कमलनाथ के अधीन मध्य प्रदेश सरकार में सहकारिता, संसदीय कार्य और सामान्य प्रशासन मंत्री पद पर रहे। पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह के खेमे के नेता माने जाते हैं डॉक्टर गोविंद सिंह। 2014 में मुरैना से लोकसभा का चुनाव लड़ा था जो भाजपा नेता अनूप मिश्रा से हार गए थे। मीडिया से सीधी सटीक बात करने मैं माहिर माने जाते हैं डॉक्टर गोविंद सिंह। जमीन से जुड़े हुए नेता हैं और आज भी खेती ही उनका मुख्य व्यवसाय है। हमेशा सामंतवाद के खिलाफ रहे इसी वजह से कांग्रेस में रहते हुए भी वे अंचल के प्रमुख नेता ज्योतिरादित्य सिंधिया के विरोधी बने रहे। हालांकि अब ज्योतिरादित्य सिंधिया भाजपा में है तो गोविंद सिंह उनके खिलाफ सीधे बोलते हैं।